पुलिस रिफार्म और पुलिकर्मियों के मानवाधिकारों की रक्षा, देश की सबसे बड़ी जरूरत

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पुलिस रिफार्म और पुलिकर्मियों के मानवाधिकारों की रक्षा, देश की सबसे बड़ी जरूरत

पुलिस रिफार्म और पुलिकर्मियों के मानवाधिकारों की रक्षा, देश की सबसे बड़ी जरूरत

 

आपने भारतीय मीडिया को पुलिसकर्मियों के गुनाहों पर “जब रक्षक ही भक्षक बन जाये” इस तरह का हाहाकार मचाना बहुत देखा होगा। क्या लेकिन आपने कभी गौर किया है कि, भारतीय मीडिया ने कितनी बार हमारे रक्षकों की रक्षा के लिये सरकार से सवाल पूछे है शायद आपको याद भी ना हो क्योंकि इस प्रकार का महत्त्वपूर्ण काम भारतीय मीडिया जल्दी नहीं करती। उन्हें केवल राजनीतिक और धार्मिक बहस में ही टीआरपी मिलती है और मजा आता है।
अब आपको अच्छी ख़बर देते हैं महाराष्ट्र सरकार द्वारा पुलिस कर्मियों के लिए खास उपक्रम की शुरुआत की जा रही है। इस उपक्रम के अंतर्गत दिवंगत और शहीद पुलिस अधिकारियों के परिवार वालो के न्यायालयीन मदद के लिए एक स्वतंत्र डिजिटल पोर्टल की शुरुआत होने वाली हैं। इस पोर्टल का नाम है “विज़ लेगासिस”। इस पोर्टल के अंतर्गत सभी परिवार वालो की विनामूल्य कानूनी मदद की प्रप्ति होगी जिससे उनके परिवार वालो को कानूनी प्रक्रिया के लिए दर दर की ठोकरे नहीं खानी होंगी। विज़ लेगासिस एक प्राइवेट लिमिटेड कंपनी है जो दिवंगत एवं शहीद पुलिस अधिकारियों की कानूनी मदद के लिए निशुल्क सहायता उपलब्ध कराएगी।आपको बता दें, अन्याय केवल नागरिकों पर ही नहीं होता बल्कि कभी कभी पुलिस भी अन्याय का शिकार होती है। ऐसे कई मामले सामने आए है जहां पुलिसवालों को मौत को घाट उतारा गया है।
इन पुलिस अधिकारियों की जानकारी हेतु सभी पुलिस प्रमुख घटकों को निर्देश जारी कर उनकी जानकारी माँगी गयी हैं।
हमारी जानकारी में आया है कि, मानवहित सेवा संस्था अध्यक्ष श्री कमलेश गुप्ता ने कुछ दिनों पहले पुलिस रिफॉर्म्स के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, राजनाथ सिंह एवं राष्ट्रपति को निवेदन भेजा था। जिसके लिये उन्हें गृह विभाग से कॉल भी आया था। राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अनूप कुमार शुक्ला के मार्गदर्शन से और कमलेश गुप्ता के प्रयासों के कारण गृह विभाग ने मानवहित सेवा संस्था के कार्यों की प्रशंसा की, और दिए गए निवेदन पर गृह विभाग विचार विमर्श कर रही है ऐसा आश्वासन भी दिया गया।
मानवहित सेवा संस्था ने पुलिस रिफॉर्म्स के लिए आधुनिक हत्यार, ग्रामीण भागों में 8 घंटे ड्यूटी, स्वतंत्र पुलिस कमीशन, एवं पुलिस पर हमला करने वालो पर गैंगस्टर एक्ट (गुण्डा एक्ट)के अंतर्गत कारवाही करने की मांग की थी।

पुलिस रिफार्म और पुलिकर्मियों के मानवाधिकारों की रक्षा, देश की सबसे बड़ी जरूरत

हमें खुशी है कि समाज रक्षकों के मानवाधिकार के लिये महाराष्ट्र की देवेंद्र सरकार अच्छे कदम उठा रही है लेकिन इतना काफी नही इसपर और बहुत काम करने की आवश्यकता है है। भारतीय जनता इन मुद्दों पर जागृत हो रही है, सामाजिक संस्थायें और सामाजिक कार्यकर्ता पुलिस रिफार्म जैसे जरूरी मुद्दों पर काम कर रहे हैं।

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